लखनऊ। भारत की सबसे पुरानी पार्टी कांग्रेस इन दिनों बदलाव के दौर से गुजर रही है। बुजुर्ग नेताओं की जगह युवा नेताओं को टीम में जगह दी जा रही है। उल्लेखनीय है कि भारत में युवा आबादी सबसे ज्यादा है इसको देखते हुए कांग्रेस 2019 के चुनावों के लिए इस यूथ तबके को अपनी तरफ खींचना चाहती है। कांग्रेस का अध्यक्ष पद संभालने के बाद से राहुल गांधी अपनी टीम में युवा चेहरों को जगह देने के फेवर में है। उल्लेखनीय है कि 2019 के चुनाव को देखते हुए वह कांग्रेस में अमूल चूल बदलाव कर रहे है। इसी सिलसिले में कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने रायबरेली सदर से विधायक अदिति सिंह को ऑल इंडिया महिला कांग्रेस का नया जनरल सेक्रेटरी नियुक्त किया है। आपको बता दें कि राहुल ने आठ नए पार्टी सचिवों को नियुक्त किया है। कांग्रेस महासचिव अशोक गहलोत ने इस बाबत चिट्ठी जारी की है।
उल्लेखनीय है कि 2017 के यूपी विधानसभा चुनावों में अदिति सिंह ने 90 हजार से अधिक वोटों से जीत दर्ज कराई थी। अदिति के पिता अखिलेश सिंह भी यहां से 5 बार विधायक रह चुके हैं। अदिति की पढ़ाई अमेरिका की ड्यूक यूनिवर्सिटी से हुई है। माना जाता है कि अदिति सिंह राहुल गांधी की बहन प्रियंका वाड्रा की करीबी हैं और उन्हीं के कहने पर राजनीति में कदम रखा। दिल्ली, मसूरी और फिर अमेरिका में पढ़ाई करने के बाद कारपोरेट करियर छोड़ कर राजनीति में आना बड़ा कदम तो माना ही जाएगा।
13 सालों से अदिति के पिता अखिलेश कांग्रेस से बाहर रहे। लेकिन अब गिरते स्वास्थ्य की वजह से अपनी बेटी की राजनीति में एंट्री के लिए उन्होंने पुराने घर को ही चुना है। अमेरिका से पढ़कर तीन साल पहले देश लौटीं अदिति कांग्रेस में शामिल हो चुकी हैं और पिता की राजनीतिक विरासत को आगे बढ़ने के लिए पूरी तरह से तैयार हैं। कांग्रेस की रायबरेली पर कमजोर होती पकड़ पर बात करते अदिति सिंह ने चुनाव जीतने से पहले ही कहा था कि मैं बस अपने काम पर ध्यान देना चाहती हूं। मेरे पिता 25 साल से इसलिए ही जीत रहे हैं क्योंकि वह केवल अपने काम पर ध्यान देते हैं। रायबरेली वीवीआईपी संसदीय क्षेत्र है। लेकिन मैं जब रायबरेली लौटकर आई तो देखकर दंग रह गई कि यहां शिक्षा की हालत कितनी खराब है। यहां जो शिक्षा का स्तर है। एक्स्ट्रा करिकुलर सब बहुत पिछड़ा हुआ है। मैं चुनाव जीतने के बाद सबसे पहले इन सब पर ध्यान दूंगी।
सूत्रों के मुताबिक बीजेपी की लहर में भी 2017 के चुनावों में कांग्रेस के गढ़ को बचाने वाली अदिति सिंह को प्रदेश महिला कांग्रेस कमेटी में अहम जिम्मेदारी दी गयी है। इसके अलावा वरिष्ठ कांग्रेसी नेता प्रमोद तिवारी की बेटी आराधना मिश्रा को भी अहम जिम्मेदारी मिलने की बात कही जा रही है। लेकिन इसकी पुष्टि अभी नहीं हो पायी है। वहीं इससे पहले महिला कांग्रेस कमेटी में अहम पद मिलने से पहले अदिति सिंह ने कहा था कि मैं एक महिला होने के नाते महिलाओं की समस्याओं को बखूबी जानती और समझती हूं। उत्तर प्रदेश में आज रेप और छेड़छाड़ की बात आम हैं।
अपनी भावी योजनाओं का जिक्र करते हुए रायबरेली सदर की विधायक अदिति सिंह ने कहा था कि ऐसे में प्रदेश की महिलाओं के लिए अभी बहुत कुछ किया जाना है। यदि पार्टी का शीर्ष नेतृत्व मुझे कोई जिम्मेदारी देता है तो मैं उसे निभाने के लिए तैयार हूं, हालांकि यह पार्टी नेतृत्व ही तय करेगा कि क्या जिम्मेदारी दी जाती है। अब जब उनको यह अहम पद दे दिया गया है तो उनके कामकाज और बयानों पर कांग्रेस के साथ भाजपा की भी नजरें होंगी।