लखनऊ। समाजवादी पार्टी के फायरब्रांड नेता कहे जाने वाले शिवपाल सिंह यादव ने आज अपने समर्थकों को बड़ी खुशखबरी दी। उन्होने कहा कि उनकी पार्टी का चुनाव आयोग में पंजीकरण हो गया है। उल्लेखनीय है कि समाजवादी पार्टी (सपा) से अलग हुए उत्तर प्रदेश के पूर्व मंत्री शिवपाल सिंह यादव ने खुद की पार्टी बनाई है। मंगलवार को उनकी पार्टी का चुनाव आयोग में पंजीयन हो गया है और उसे ‘प्रगतिशील समाजवादी पार्टी लोहिया’ नाम मिला है। शिवपाल ने यहां आयोजित मोर्चा के एक कार्यक्रम में कहा, ‘हमारी पार्टी का रजिस्ट्रेशन हो गया है। अब हमारी पार्टी का नाम प्रगतिशील समाजवादी पार्टी लोहिया होगा।’
जसवंतनगर सीट से अब भी सपा के विधायक शिवपाल ने सपा से अलग होने के कारणों का जिक्र करते हुए किसी का नाम लिए बगैर कहा कि वह हमेशा सपा में एकजुटता चाहते थे, लेकिन कुछ चुगलखोरों और चापलूसों की वजह से उन्हें मजबूरन पार्टी से किनारा करना पड़ा। उन्होंने कहा कि हम तो हमेशा से परिवार और पार्टी में एकता चाहते थे। हमने लंबे समय तक इंतजार किया लेकिन ना तो मुझे और ना ही नेताजी (मुलायम सिंह यादव) को उचित सम्मान मिला। हमें तो धकेल कर निकाल दिया गया। शिवपाल ने अपने समर्थकों से कहा, ‘मैं आप सबसे कहता हूं कि चापलूसी ना करें। अगर कहीं कुछ गलत हो रहा है तो उसके बारे में बताने के लिए आप स्वतंत्र हैं। मैं अपनी पार्टी को यह आजादी दूंगा।’
उल्लेखनीय है कि पिछले विधानसभा चुनावों से पहले समाजवादी पार्टी दो फाड़ हो गयी थी। पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव के सपा अध्यक्ष बनने के बाद हाशिए पर पहुंचे शिवपाल ने उपेक्षा से नाराज होकर पिछली 29 अगस्त को समाजवादी सेक्युलर मोर्चे का गठन किया था। उन्होंने आगामी लोकसभा चुनाव में उत्तर प्रदेश की सभी 80 सीटों पर प्रत्याशी उतारने का ऐलान किया था। लखनऊ छावनी विधानसभा क्षेत्र से सपा के टिकट पर पिछला चुनाव लड़ चुकी मुलायम की छोटी बहू अपर्णा यादव ने पिछले दिनों शिवपाल के साथ मंच साझा करते हुए कहा था कि वह चाचा के साथ हैं। अपर्णा यादव ने अपने परिवार से अलग जाते हुए शिवपाल को जिताने के लिए अपील भी की थी।