काबुल। अमेरिकी खुफिया एजेंसी ने एक बार फिर चेतावनी दी है। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि आने वाले 90 दिनों में तालिबान काबुल पर कब्जा कर लेगा। अफगानिस्तान में तालिबान के बढ़ते कब्जे को देखते हुए अमेरिकी खुफिया एजेंसियों ने बाइडन प्रशासन को चिंता बढ़ाने वाली रिपोर्ट सौंपी है। इसमें दावा किया गया है कि अगर तालिबान के हमले इसी तरह से बढ़ते रहे तो अगले 90 दिनों में काबुल पर भी आतंकियों का कब्जा हो जाएगा।
इससे पहले खुफिया आंकलन में दावा किया गया था कि तालिबान कम से कम 12 महीनों में अफगानिस्तान पर पूर्ण रूप से नियंत्रण कर पाएगा। अब पहले के जारी खुफिया आंकलन में संशोधन कर दिया गया है।
90 दिनों में होगा तालिबान पर कब्जा
वॉशिंगटन पोस्ट की रिपोर्ट के अनुसार, अफगानिस्तान पर करीबी नजर रखने वाले अमेरिकी अधिकारी ने बताया कि अमेरिकी सेना ने अब आंकलन किया है कि अगले 90 दिनों के भीतर अफगानिस्तान की सरकार का पतन हो सकता है। हालांकि, दूसरे अधिकारी ने दावा किया है कि तालिबान यह काम मात्र 30 दिनों के अंदर कर सकता है। इन अधिकारियों ने इस मूल्यांकन पर चर्चा करने के लिए अधिकृत नहीं होने के कारण अपना नाम सार्वजनिक करने से इंकार कर दिया।
अफगानिस्तान में अमेरिकी दूतावास हो सकता है बंद
हालांकि इस दौरान यह खबर भी सामने आ रही है कि अमेरिका अफगानिस्तान में अपने दूतावास को भी बंद कर सकता है। काबुल में हालात बिगड़ने की आशंका से अमेरिका कभी भी यह कदम उठा सकता है। इस बीच अफगान राष्ट्रपति अशरफ गनी जार-ए-शरीफ गए हैं ताकि पुराने लड़ाकों को एकजुट कर सकें। अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडेन साफ कह चुके हैं कि अपने देश को सुरक्षित रखने के लिए सभी नेताओं को एकजुट होना होगा।
अमेरिकी सेना की वापसी से तालिबान खुश
अफगानिस्तान से अमेरिकी सेना की वापसी से तालिबान लड़ाके काफी उत्साहित हैं। तालिबान के लगातार बढ़ते हमलों से अफगान सेना को पीछे हटना पड़ रहा है। पिछले छह दिनों में तालिबानी लड़ाकों ने अफगानिस्तान के 10 प्रांतीय राजधानियों से अफगान सेना को खदेड़ते हुए कब्जा कर लिया है। अफगानिस्तान के उत्तर-पूर्व में सेना के एक स्थानीय मुख्यालय पर भी तालिबान का नियंत्रण हो गया है।